भारत को साल 2047 में मुस्लिम राष्ट्र घोषित करने की तैयारी, पटना में गिरफ्तार आतंकियों ने किए कई खुलासे

0 106

पटना(बिहार):- भारत को 2047 तक इस्लामिक राष्ट्र बनाने की तैयारी बिहार की राजधानी पटना में की जा रही थी। इसका पूरा रोडमैप तैयार कर लिया गया था। लोगों की भर्तियां की जा रही थी। जिन लोगों को संगठन में शामिल कर लिया गया था, उनकी पटना में ट्रेनिंग चल रही थी। उनको शारीरिक और मानसिक तौर पर तैयार किया जा रहा था। मार्शल आर्ट की भी ट्रेनिंग दी जा रही थी। ताकि किसी हालात से निपटने के लिए मानसिक और शारीरिक तौर पर तैयार रहें। इसका खुलासा फुलवारी शरीफ के एएसपी मनीष कुमार सिन्हा ने किया है।

बिहार की राजधानी पटना में देश विरोधी गतिविधियों में लिप्त दो आतंकियों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार किए गए आतंकियों में एक झारखंड पुलिस का रिटायर्ड दरोगा मोहम्मद जलालुद्दीन है तो दूसरा पीएफआई का मौजूदा सदस्य अतहर परवेज है। पटना पुलिस के मुताबिक ये दोनों मार्शल आर्ट की आड़ में आतंकी ट्रेनिंग दे रहे थे। इनके पास से PFI-SDPI का गुप्त दस्तावेज ‘मिशन 2047’ मिला है जिसमें 2047 तक भारत को इस्लामिक राष्ट्र बनाने की बात कही गई है। पुलिस ने बताया कि इन दोनों से ट्रेनिंग लेने के लिए पिछले दो महीने से दूसरे राज्यों के लोग आ रहे थे। आने वाले लोग टिकट बुक करते समय और होटलों में ठहरते समय अपना नाम बदल रहे थे।

एसएसपी के मुताबिक आरोपियों ने 6-7 जुलाई को स्थानीय लोगों को मार्शल आर्ट के नाम पर तलवार और चाकुओं का इस्तेमाल करना सिखाया। उन्होंने कम उम्र के युवाओं को धार्मिक हिंसा के लिए उकसाया। एसएसपी ने कहा कि हमारे पास सीसीटीवी फुटेज के साथ-साथ गवाहों के खाते भी हैं। परवेज ने आतंकी गतिविधि को अंजाम देने के लिए लाखों रुपये चंदा जुटाया।

एसएसपी ने बताया कि ‘इंडिया विजन 2047’ शीर्षक से साझा किए गए 8-पृष्ठ लंबे दस्तावेज का एक अंश कहता है, ‘पीएफआई को विश्वास है कि भले ही कुल मुस्लिम आबादी का 10 फीसदी इसके पीछे हो, लेकिन PFI कायर बहुसंख्यक समुदाय को वश में करेगा और गौरव वापस लाएगा।

अतहर परवेज पटना गांधी मैदान में हुए बम धमाके का आरोपी मंजर का सगा भाई है। पटना पुलिस के अनुसार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सभा में गांधी मैदान में हुए ब्लास्ट के कई आरोपियों को छुड़ाने के लिए अतहर परवेज ने जमानत की कोशिश की थी। बताया जा रहा है कि दोनों गिरफ्तार आरोपी देश के विभिन्न हिस्सों में घूम-घूमकर अशिक्षित एवं गुमराह युवकों को आतंकी प्रशिक्षण देने का काम किया करते थे।

Leave A Reply

Your email address will not be published.